बाबा बागेश्वर ने बताया गरीबों का सहारा कौन हैं ? बागेश्वर सरकार ने क्यों कहा— दुनिया के भरोसे मत रहना ? आशा करनी ही है तो हनुमानजी से करना, ये कभी धोखा नहीं देते. बाबा बागेश्वर महाराज के प्रवचन की यह बात उन लोगों के दिल को छू सकती है, जिन्होंने जिंदगी में गरीबी, संघर्ष और अकेलापन देखा है. आखिर ऐसा क्या है जो बाबा बागेश्वर महाराज को दुनिया से नहीं, बल्कि हनुमानजी से आशा रखने की बात कहने के लिए प्रेरित करता है?
बाबा बागेश्वर ने बताया गरीबों का सहारा कौन? बोले- आशा करनी है तो हनुमानजी से करना

अपने भक्तों को प्रवचन देते हुए बाबा बागेश्वर महाराज ने अपने जीवन के संघर्षों का जिक्र करते हुए कहा कि गरीबों का कोई नहीं होता, गरीबों का तो भैया सिर्फ भगवान होते हैं.
बाबा बागेश्वर महाराज कहते हैं कि मजाक में ही बोलते हैं, लेकिन सच बता रहे हैं. हमारे पिताजी ने कभी सपने में भी नहीं सोचा था कि हम विदेश जाएंगे. आज 121 देशों में घुम चुके हैं.
अंग्रेजों के जो वहां के प्रेसिडेंट होते हैं, वे प्रधानमंत्री से मिलने आते हैं. हमें अंग्रेजी नहीं आती.
बाबा बागेश्वर महाराज ने कहा कि भैया, यह प्रत्यक्ष चमत्कार हनुमान जी का है.
इसके बाद बाबा बागेश्वर महाराज ने अपने भक्तों से कहा कि दुनिया से बहुत ज्यादा आशा मत करना. आशा करनी ही है तो हनुमानजी से करना, ये कभी धोखा नहीं देते.
जब कोई नहीं होता, यही साथ देते हैं.
बाबा बागेश्वर महाराज ने क्यों कहा- दुनिया के भरोसे मत रहना
बाबा बागेश्वर महाराज अपने प्रवचन में कहते हैं कि तुम दुनिया वालों के भरोसे मत रहना. ये दुनिया बहुत विचित्र है. ये दुनिया सिर्फ बड़े-बड़ों को देखती है.
उन्होंने कहा कि तुमने मंच पर नहीं देखा? जो प्रसिद्ध होते हैं, जो पैसे वाले होते हैं, वही मंच पर आते हैं. गरीब तो सिर्फ ताली बजाने के काम आता है.
बाबा बागेश्वर महाराज ने कहा-
गरीबों का कोई नहीं होता, गरीबों का तो भैया सिर्फ भगवान होते हैं. सिर्फ भगवान होते हैं.
यह बात सिर्फ एक प्रवचन की पंक्ति नहीं है, बल्कि उन गरीब और संघर्ष कर रहे लोगों की भावनाओं से जुड़ती है, जिन्हें जीवन में कई बार ऐसा लगता है कि मुश्किल समय में उनका साथ देने वाला कोई नहीं है.
तुम भी दुनिया पर भरोसा मत करना, हनुमानजी पर भरोसा करना.
बाबा बागेश्वर महाराज ने अपने प्रवचन में अपने बचपन और संघर्ष के दिनों को याद करते हुए कहा कि हमने वो दिन देखे हैं. हमने वो रातें देखी हैं.
उन्होंने बताया कि उनकी दीपावली में पूरी नहीं बनती थी. कभी यदि डालडा मिल जाए तो पूरी बन जाती थी, नहीं तो जिस दिन पूरी बनती थी, उसी दिन दीपावली कहलाती थी.
बाबा बागेश्वर महाराज ने अपने संघर्ष के दिनों को याद करते हुए कहा कि हमने वो अंधेरी रातें, वो बुरे दिन और भीख मांगकर दिन गुजारे हैं.
इसके बाद उन्होंने भक्तों से कहा कि तुम भी दुनिया पर भरोसा मत करना, हनुमानजी पर भरोसा करना.
बाबा बागेश्वर महाराज ने कहा कि कलिकाल के देवता हनुमान जी हैं. उन्होंने बुंदेलखंड वासियों और बांदा के लोगों से हाथ जोड़कर कहा कि जहां-जहां उनकी कथा सुनी जा रही है, वहां के लोगों से भी वह यही प्रार्थना करते हैं कि दुनिया के भरोसे मत रहो, हनुमानजी पर भरोसा रखो.
बाबा बागेश्वर महाराज बोले- ऐसे तुम्हारे दिन बदलेंगे
बाबा बागेश्वर महाराज ने भक्तों को समझाते हुए कहा कि तुम्हारे दिन बदलेंगे, तुम्हारे बच्चों के दिन बदलेंगे.
लेकिन उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि भक्ति का मतलब यह नहीं है कि इंसान काम करना छोड़ दे.
खूब काम करो, खूब कमाओ, भगवान जय-जय करो.
यानी बाबा बागेश्वर महाराज के इस प्रवचन में भगवान पर विश्वास के साथ-साथ मेहनत करने की बात भी कही गई है.
इसके बाद बाबा बागेश्वर महाराज ने बताया कि वह बेटियों का विवाह क्यों करवाते हैं.
उन्होंने अपने जीवन की एक घटना बताते हुए कहा कि उनकी खुद की बहन की शादी में उन्हें 20 हजार रुपये उधार नहीं मिले थे.
आज लोग उन्हें दानी समझते हैं, लेकिन बाबा बागेश्वर महाराज कहते हैं कि वह कोई दानी-बानी नहीं हैं और न ही उन्हें कोई बहुत बड़ा परोपकारी समझे.
उन्होंने बताया कि हिंदू उन्हें रुपये देते हैं, उनके चेले उन्हें चढ़ोतरी देते हैं और वह उसी राशि को बेटियों के विवाह में लगा देते हैं.
बाबा बागेश्वर महाराज ने कहा कि हमारा नहीं है कुछ, लोग हमें दे देते हैं और हम उसे बेटियों के विवाह में लगा देते हैं.
उन्होंने कर्नाटक से आई एक महिला का जिक्र करते हुए बताया कि उन्होंने उनसे कुछ बेटियों का कन्यादान करने के लिए कहा. इस पर उन्होंने कहा कि गुरु जी, हम 11 बेटियों का कर देंगे.
बाबा बागेश्वर महाराज कहते हैं कि ऐसे ही लोग जुड़ते जाते हैं और भगवान कृपा कर देते हैं.
उन्होंने कहा कि उन्हें संतुष्टि इस बात की रहती है कि भगवान उनके हाथों से यह काम करवा रहे हैं.
बाबा बागेश्वर महाराज ने अपने अंदाज में कहा कि उन्हें बहुत ज्यादा दानी-बानी मत समझना. उन्होंने कहा कि वह साफ आदमी हैं और साफ कहते हैं.
बाबा बागेश्वर महाराज के प्रवचन की यह बात क्यों खास है?
बाबा बागेश्वर महाराज के इस प्रवचन में गरीबी, संघर्ष, मेहनत, भक्ति और भगवान पर विश्वास की बातें एक साथ दिखाई देती हैं. उन्होंने अपने जीवन के संघर्षों का उदाहरण देते हुए भक्तों को समझाया कि मुश्किल समय में निराश होकर बैठना नहीं चाहिए.
मेहनत करते रहिए, खूब काम कीजिए और हनुमानजी पर विश्वास रखिए.
बाबा बागेश्वर महाराज की कही यह बात खास तौर पर उन लोगों को छू सकती है, जिन्होंने जिंदगी में आर्थिक परेशानी या अकेलेपन का दौर देखा है.
आशा करनी ही है तो हनुमानजी से करना, ये कभी धोखा नहीं देते.
जय श्री राम। 🚩
जय बजरंगबली। 🙏
बाबा बागेश्वर ने बताया गरीबों का सहारा कौन? बोले- आशा करनी है तो हनुमानजी से करना.